पंचकूला में छह साल पुराने हत्या मामले में दोषी को उम्रकैद, छह हजार रुपये जुर्माना
पंचकूला। रॉड और पत्थरों से हमला कर एक व्यक्ति की हत्या करने के करीब छह साल पुराने मामले में जिला अदालत ने दोषी प्रवेश चौरसिया को उम्रकैद की सजा सुनाई है। अदालत ने उस पर छह हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है। दोषी गिरफ्तारी के बाद से अंबाला जेल में बंद है।
मामला चंडीमंदिर स्थित केके स्टोन क्रशर के पास का है। यहां रहने वाले 60 वर्षीय विष्णुनाथ चावला की हत्या की गई थी। विष्णुनाथ मूल रूप से उत्तर प्रदेश के गोरखपुर के रहने वाले थे और करीब 15 वर्षों से पंचकूला में रहकर मजदूरी करते थे। वह पेट्रोल पंप के पास एक टिन के कमरे में रहते थे।
मामले में शिकायतकर्ता और क्रशर के मुंशी उमाकांत ने पुलिस को बताया था कि आरोपी प्रवेश चौरसिया अक्सर विष्णुनाथ के पास आता-जाता था। दोनों के बीच जान-पहचान थी और वे साथ बैठकर शराब भी पीते थे। तीन जून 2020 की शाम उमाकांत ने प्रवेश को विष्णुनाथ के साथ देखा था।
अगली सुबह जब उमाकांत क्रशर से विष्णुनाथ के कमरे की ओर गया तो वहां दरवाजे के आसपास और बाहर खून बिखरा हुआ मिला। कमरे में विष्णुनाथ मौजूद नहीं थे। आसपास तलाश करने पर करीब 50 फीट दूर झाड़ियों में उनका शव अर्धनग्न अवस्था में मिला।
शव के सिर पर गंभीर चोट के निशान थे और चेहरा बुरी तरह क्षतिग्रस्त था। घटनास्थल से खून से सने कुछ पत्थर भी बरामद हुए। कमरे में मांस की हड्डियां, शराब और बीयर की खाली बोतलें भी मिली थीं।
उमाकांत ने पुलिस को दी शिकायत में आरोप लगाया था कि प्रवेश चौरसिया ने रॉड और पत्थरों से हमला कर विष्णुनाथ की हत्या की है। पुलिस ने शिकायत के आधार पर हत्या का मामला दर्ज किया और चार जून 2020 को प्रवेश चौरसिया को गिरफ्तार कर लिया था।
अदालत में चली सुनवाई के बाद अब दोषी को उम्रकैद की सजा सुनाई गई है। साथ ही उस पर छह हजार रुपये का जुर्माना लगाया गया है।
